Chaitra Navratri: चैत्र नवरात्रि हिंदू धर्म का एक प्रमुख त्योहार है, जो विशेष रूप से माँ दुर्गा की पूजा-अर्चना के लिए मनाया जाता है। इस पवित्र पर्व में देवी के नौ रूपों की पूजा की जाती है, जो भक्तों के जीवन में सुख, समृद्धि, और शांति का वास लाती हैं। भोपाल, मध्य प्रदेश, अपनी ऐतिहासिक और धार्मिक धरोहर के लिए प्रसिद्ध है और यहां के देवी मंदिरों में इस दौरान विशेष महात्म्य होता है।
अगर आप नवरात्रि के इस अवसर पर भोपाल में हैं, तो इन 5 प्रसिद्ध देवी मंदिरों के दर्शन जरूर करें, जहाँ देवी माँ की कृपा से आपके जीवन में खुशियों का संचार होगा।
1. काली माता मंदिर
काली माता मंदिर भोपाल का एक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है। यहां काली मां की विशेषतौर पर पूजा की जाती है। काली मां का यह मंदिर भोपाल के छोटे तालाब के किनारे स्थित है। नवरात्रि के दौरान यहाँ श्रद्धालुओं का तांता लगता है। मंदिर के परिसर में देवी की प्रतिमा के दर्शन से भक्तों को शांति और सुख की प्राप्ति होती है।

2. कंकाली माता मंदिर
कंकाली मां के दर्शन के लिए नवरात्रों में देशभर से लोग दर्शन के लिए आते है। यह मंदिर भक्तों की आस्था का केंद्र है, जो भोपाल शहर से करीब 15 किलोमीटर दूर रायसेन जिले के गुदावल गांव में स्थित है। इस मंदिर का खासियत है कि यहां स्थित मां काली की मूर्ति की गर्दन 25 डिग्री झुकी हुई है। इस मंदिर की मान्यता है कि जिन माता-बहनों की गोद सूनी होती है, वह श्रद्धाभाव से यहां उल्टे हाथ लगाती हैं, तो उनकी मनोकामना भी जल्द पूरी हो जाती है।

3. कर्फ्यू वाली माता
भोपाल के भवानी चौक सोमवारा में कर्फ्यू वाली माता का प्रसिद्ध मंदिर है। यह शहर के सबसे पुराने और प्रमुख मंदिरों में से एक मंदिर है, जो देवी भवानी को समर्पित है। यहाँ नवरात्रि के समय विशेष पूजा अर्चना और भव्य उत्सव होते हैं, जिससे भक्तों को दिव्य आशीर्वाद मिलता है।

4. अन्नपूर्णा मंदिर
अन्नपूर्णा मंदिर देवी अन्नपूर्णा के भक्तिपूर्ण दर्शन के लिए प्रसिद्ध है। यहाँ नवरात्रि के दौरान विशेष पूजा आयोजित की जाती है। देवी माँ अन्नपूर्णा की कृपा से घर में समृद्धि और खुशहाली का वास होता है।

5. शारदा माता मंदिर
यह मंदिर देवी शारदा को समर्पित है और यहाँ पर नवरात्रि के समय विशेष पूजा होती है। यह मंदिर मध्य प्रदेश के सतना जिले के मैहर गाँव में त्रिकूट पर्वत पर स्थित है। यह मंदिर 108 शक्तिपीठों में से एक है और लाखों भक्तों की आस्था का केंद्र है। मान्यता है कि माता सती का हाथ यहां गिरा था, इसलिए इस स्थान को मैहर कहा जाता है।

नवरात्रि के इस पावन पर्व पर इन मंदिरों के दर्शन से आपको देवी माँ का आशीर्वाद मिलेगा और आपके जीवन में खुशियाँ और सफलता का आशीर्वाद मिलेगा।